शिव जी को बनाएँ अपना गुरु और पाएं हर प्रकार की बाधाओं से मुक्ति

🕉️ भगवान शिव को गुरु बनाने की सरल विधि

(सोमवार या गुरु पूर्णिमा से प्रारंभ करें)

  1. प्रातः स्नान कर किसी शिव मंदिर जाएँ।
  2. शिवलिंग पर जल, दूध, घी, शहद और छाछ से अभिषेक करें।
  3. पुष्प (कमल, गुलाब या धतूरा), बिल्वपत्र, भस्म, चावल, जौ, तिल, कमलगट्टा और सफेद मिठाई अर्पित करें।
  4. घी का दीपक और अगरबत्ती जलाएँ।
  5. शिव जी को सफेद वस्त्र और माता पार्वती को चुनरी अर्पित करें।
  6. गणेश जी और माता पार्वती का पूजन कर आरती करें।

🏡 घर में पूजन स्थल की स्थापना:

  1. पूर्व दिशा में सफेद कपड़े पर शिव परिवार की तस्वीर स्थापित करें।
  2. स्थान को गंगाजल से शुद्ध कर चंदन का तिलक करें।
  3. पंचोपचार पूजन करें (विस्तृत जानकारी हमारी वेबसाइट पर)।
  4. शिव, पार्वती, गणेश, इष्टदेव, कुलदेव, पितृदेव और स्थान देव का पूजन करें।
  5. सभी को सफेद मिठाई का भोग लगाएँ।

🙏 गुरु रूप में स्वीकृति का संकल्प:

  • दाहिने हाथ में चावल, पुष्प, जल लें।
  • भगवान शिव को गुरु मानकर मन ही मन संकल्प करें कि वे आपको शिष्य के रूप में स्वीकार करें।
  • शिव परिवार की कृपा और मार्गदर्शन माँगें।

📿 21 दिन की साधना विधि:

  • प्रतिदिन पूजन के बाद 2 घंटे शिव का ध्यान करें।
  • साधना रात्रि 10 बजे एकांत में भी की जा सकती है।
  • यदि अनुभव हों तो भय न करें; शिव आपकी रक्षा करेंगे।
  • 21 दिन बाद यथाशक्ति हवन करें।

📌 पंचोपचार पूजन विधि और संकल्प प्रक्रिया की विस्तृत जानकारी के लिए हमारी वेबसाइट का ब्लॉग अनुभाग देखें।
🔗 kalisadhna.in
“शिव को बनाएं गुरु, जीवन को बनाएं दिव्य।”

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